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कद छोटी 
पर चाह बड़ी है.. 
कदम छोटे 
पर मंजिलों की राह बड़ी है . 
दिल एसा 
के सारी दुनिया की दौलत कम पड 
जाये सामने इसके, 
अपनों की इसमें परवाह बड़ी हैं .. 
हमने नहीं सिखा रिश्तों का मोल करना, 
मन में मैल रखकर 
रिश्ते का ढोंग करना.. 
जिसे अपनाया उसे हसकर गले लगाया 
जिसने बिसराया 
उसे भी हमेशा दी दुवाएँ ... 
कोइ ना हो पास तो क्या
रब जी तो मेरे पास  हैं . 
कद ना नापो मेरे पंखो की
इनकी उडान बडे है ....

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gajab...!!
keep it up....
commented by
Thanks alot Ritika .. :)
commented by
superb...keep going
commented by
Thanks Priya, really appreciated .

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